Thursday , 18 October 2018

अब आरटीओ के नहीं लगाने पड़ेंगे चक्कर, सिर्फ 10 मिनट में यहां बनेगा लाइसेंस

मंथन न्यूज़ नेटवर्क : छात्र-छात्राओं के लिए लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस की प्रक्रिया को आसान बनाने के मकसद से दिल्ली में सत्तासीन आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार ने एक बड़ा फैसला लिया है। इसके तहत कॉलेजों के प्रिंसिपल और डायरेक्टर्स को अधिकृत किया जाएगा और वे छात्र-छात्राओं के लिए लर्निंग लाइसेंस प्रक्रिया को पूरी करवाने की जिम्मेदारी संभालेंगे।

दिल्ली के परिवहन मंत्री कैलाश गहलोत के मुताबिक, अगले कुछ दिनों में यह योजना नोटिफाई हो जाएगी।  दिल्ली विश्वविद्यालय और इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय के साथ पॉलीटेक्निक व आइटीआइ को भी इसके दायरे में लाया जाएगा।

ऐसे में अगर दिल्ली सरकार का यह प्रयास रंग लाया तो लाखों छात्र-छात्राओं की मुश्किल आसान हो जाएगी। दिल्ली सरकार यह भी दावा कर रही है कि कॉलेजों में 10 मिनट के कंप्यूटर बेस्ड एग्जाम को पास करने के बाद लर्निंग लाइसेंस मिल जाएगा।

दिल्ली सरकार के सूत्रों के मुताबिक, सभी स्टेट यूनिवर्सिटीज समेत दिल्ली विश्वविद्याल के तकरीबन 88 कॉलेजों में लर्निंग लाइसेंस बनाए जाने के बारे में एक योजना तैयार की गई है। बताया जा रहा है कि यह योजना डीयू के सभी कॉलेजों के लिए भी होगी और जो भी कॉलेज इस योजना से जुड़ना चाहेंगे, वहां पर ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट लर्निंग ड्राइविंग लाइसेंस बनाने के लिए सभी जरूरी इंतजाम करेगा।

लाखों छात्रों को होगा फायदा
दिल्ली में इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी के अलावा, दिल्ली विश्वविद्याल के कॉलेजों में छात्र-छात्राओं की संख्या लाखों में है। ऐसे में ये छात्र-छात्राएं अपने कॉलेजों में आसानी से लर्निंग लाइसेंस बनवा सकेंगे।

किनको मिलेगा फायदा
जानकारी के मुताबिक, दिल्ली सरकार की 7 यूनिवर्सिटी व कई संस्थानों के अलावा डीयू के 88 कॉलेज हैं, जिनमें छात्रों की संख्या दो लाख के करीब है। इतना ही नहीं, इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी सं संबंधित के करीब 34 संस्थान, 9 पॉलिटेक्निक व आइटीआइ भी हैं, जिन्हें इस योजना के दायरे में लाया जा रहा है।