Sunday , 15 April 2018

66 मेडल के साथ गोल्ड कोस्ट में खत्म हुआ भारत का सफर, रच दिया इतिहास

मंथन न्यूज़ नेटवर्क : 21वें कॉमवेल्थ गेम्स के आखिरी दिन भारतीय खिलाड़ी ने फिर से शानदार प्रदर्शन किया। आखिरी दिन भारतीय खिलाड़ियों ने दम दिखाया और उम्मीदों पर खरे उतरते हुए ग्लास्गो के 64 पदकों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया। कुल मिलाकर भारत ने 66 पदक जीते। इनमें 26 स्वर्ण, 20 रजत और 20 कांस्य पदक शामिल हैं। कॉमनवेल्थ खेलों में ये भारत का अभी तक का तीसरा सर्वश्रेस्ट प्रदर्शन रहा। खेलों और 10वें दिन का आखिरी पदक बैडमिंटन पुरुष डबल्स में सात्विक साईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की फाइनल में हार के साथ रजत के रूप में आया।

 पहले बैडमिंटन के महिला सिंगल्स इवेंट में गोल्ड मेडल और सिल्वर मेडल दोनों पर भारत ने कब्जा कर लिया है। सायना नेहवाल ने बैडमिंटन के महिला सिंगल्स फाइनल में पी.वी. सिंधु को हराकर स्वर्ण पदक जीता लिया है, वहीं पी. वी. सिंधु को सिल्वर मेडल से संतोष करना पड़ा।  दुनिया के नंबर एक पुरुष बैडमिंटन खिलाड़ी किदांबी श्रीकांत ने सिल्वर मेडल जीता। वहीं पुरुष डब्ल्स के बैडमिंटन फाइनल में सात्विक रनकिरड्डी और चिराग चंद्रशेखर रेड्डी ने सिल्वर मेडल हासिल कर लिया। इन दोनों को फाइनल में इंग्लैंड के खिलाड़ियों से मात मिली।

तीसरे स्थान पर रहा भारत

गोल्ड कोस्ट में भारत के नाम कुल 66 मेडल रहे। भारतीय खिलाड़ियों ने 26 गोल्ड, 20 सिल्वर और 20 ब्रॉन्ज मेडल जीते। पदक तालिका में भारत तीसरे स्थान पर रहा। भारत से पहले 45 गोल्ड और कुल 136 पदकों के साथ इंग्लैंड दूसरे तो पहले स्थान पर ऑस्ट्रेलिया रहा। ऑस्ट्रेलिया ने 80 गोल्ड मेडल के साथ कुल 197 मेडल जीते।

भारत का तीसरा सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन

सात्विक साईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी ने सिल्वर मेडल हासिल किया। इन दोनों को फाइनल में इंग्लैंड के मार्कस एलिस, क्रिस लैंग्रिज ने हराया। यूके के दोनों शटलर पहले सेट से ही भारतीय जोड़ी पर भारतीय जोड़ी पर भारी पड़ते नजर आ रहे थे। इंग्लिश जोड़ी ने बेहतर तालमेल दिखाया और भारतीय शटलरों ने पहला सेट 21-13 से गंवा दिया। वहीं भारतीय जोड़ी ने दूसरा सेट भी 21-16 से गंवाया।

बैडमिंटन में आया ब्रॉन्ज़

दिन की शुरुआत में टेबल टेनिस के मिक्स्ड डबल्स मुकाबले में भारत को ब्रॉन्ज मेडल मिला। मनिका बत्रा और जी.साथियान की जोड़ी ने हमवतन अचंत शरत कमल और मौमा दास की जोड़ी को 11-6, 11-2, 11-4 से हराया। इन कॉमनवेल्थ गेम्स में मनिका बत्रा का यह चौथा मेडल रहा।